स्कूलों में पहुंचेेंगे माननीय, छात्रों को दिलाएंगे स्कूलोंं में प्रवेश, मनाएंगे प्रवेशोत्सव, अधिकारी लेंगे क्लास
1 अप्रैल से नया शैक्षणिक सत्र सरकारी स्कूलों में शुरू हो रहा है। अप्रैल के शुरुआत चार दिन सरकारी स्कूलों में कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। प्रभारी मंत्री, सांसद, विधायक और जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में प्रवेशोत्सव मनाया जाएगा। क्लास वन और टू अधिकारी स्कूलों में पहुंच कर बच्चों से संवाद स्थापित करेंगे। कक्षाएं लेंगे। स्कूलों तक बच्चों का ध्यान खींचने के लिए सांस्कृति और खेलकूद प्रतियोगिताएं भी आयोजित की जाएंगी। इसके आदेश स्कूल शिक्षा विभाग से जारी किए गए हैं।

बच्चों को स्कूलों तक लाने चार दिन चलेगा विशेष अभियान, स्कूल शिक्षा विभाग ने जारी किया आदेश
सांस्कृतिक कार्यक्रम, खेलकूद की गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगी
रीवा। ज्ञात हो कि इस मर्तबा सरकारी स्कूलों में भी 1 अप्रैल से शैक्षणिक सत्र शुरू हो जाएगा। परीक्षाओं का परिणाम आने का इंतजार नहंी किया जाएगा। इसके पहले ही अगली कक्षाओं में सभी छात्रों को अस्थाई प्रवेश दे दिया जाएगा। नए सत्र की शुरुआत और छात्रों को प्रवेश देने के साथ ही स्कूलों तक उन्हें खींचने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग ने चार दिनों की रूप रेखा तय कर दी है। हर दिन अलग अलग कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। प्रभारी मंत्री से लेकर सांसद, विधायक तक स्कूलों में पहुंच कर प्रवेशोत्सव मनाएंगे। सभी स्कूल प्राचार्यों, हेडमास्टरों को स्कूलों में व्यवस्थाएं बनाने और नामांकन के निर्देश जारी कर दिए गए हैं। कोई भी छात्र प्रवेश से वंचित न रह जाए। इस पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए हैं।
प्रभारी मंत्री, सांसद, विधायक होंगे प्रवेशोत्सव में शामिल
स्कूल शिक्षा विभाग के जारी आदेश में कहा गया है कि जिला के प्रभारी मंत्री जिला स्तरीय प्रवेशोत्सव कार्यक्रम में जिला स्तर की किस एक शाला में एवं शाला स्तरीय प्रवेशोत्सव कार्यक्रम में सांसद, विधायक, शाला के पूर्व विद्यार्थी, जनप्रतिनिध को आमंत्रित किया जाएगा। छात्र छात्राओं को अतिथियों से नि:शुल्क पाठ्यपुस्तकों का वितरण किया जाएगा। गांव के शाला से बाहर रहने वाले चिन्हित बच्चों का शाला में नामांकन, उनके अभिभावकों का शाला स्तर पर स्वागत किया जाएगा। कक्षा 1 से 8 तक की सभी शालाओं में 1 अप्रैल को बाल सभा का आयोजन किया जाएगा। सभी शालाओं में विशेष भोज का भी आयोजन किया जाएगा।
प्रथम एवं द्वितीय श्रेणी अधिकारी बच्चोंं से करेंगे संवाद
2 अप्रैल को शालाओं में भविष्य से भेंट कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। जनप्रतिनिधियों, समाज के विभिन्न क्षेत्रों के प्रसिद्ध, प्रबुद्ध एवं सम्मानित व्यक्तियों को एक प्रेरक की भूमिका में विद्यार्थियों से भेंट के लिए आमंत्रित किया जाएगा। आमंत्रित व्यक्ति इस दौरान स्वेच्छा से विद्यार्थियों को शाला उपयोगी वस्तुएं भेंट कर सेंगे। जिला कलेक्टर प्रथम एवं द्वितीय श्रेणी अधिकारियों को किसी एक शाला में जाकर कालखंड लेने और बच्चों के साथ संवाद करे के लिए निर्देशित करेंगे।
सांस्कृतिक कार्यक्रम और खेलकूद प्रतियोगिताएं होंगी
बच्चों को स्कूलों तक खींचने के लिए 3 अप्रैल को पालकों के साथ सांस्कृतिक एवं खेलकूद की गतिविधि आयोजित की जाएगी। इसका मुख्य उद्देश्य विद्यालय से जुड़ाव है। विद्यार्थियों को दी जाने वाली सुविधाओं एवं शासकीय योजनाओं के बारे में विद्यालय स्टाफ पालकों को बताएंगे। विगत अकादमिक वर्ष में 85 प्रतिशत से अधिक उपस्थिति वाले विद्यार्थियों के पालकों को विशेष रूप से आमंत्रित कर सम्मानित किया जाएगा।
बच्चों को फिर से दिया जाएगा प्रवेश
4 अप्रैल को हार के आगे जीत है ध्येय के माध्यम से वर्ष 2025 की परीक्षा में कक्षोन्नति प्राप्त न करने वाले विद्यार्थियों को विद्यालय में फिरसे प्रवेश के लिए अभिभावकों को आमंत्रित किया जाएगा। शाला प्रबंधन समिति एवं शाला प्रबंधन एवं विकास समिति की बैठक आयोजित की जाएगी।
डीईओ ने भी जारी किया आदेश, करने होंगे यह इंतजाम
जिला शिक्षा अधिकारी ने भी सभी स्कूल प्राचार्यों को नए शैक्षणिक सत्र को लेकर आदेश जारी किया है। आदेश में कहा गया है कि शासकीय विद्यालयों में कक्षा 5वीं से 6वीं, 8 वीं से 9वीं और 10वीं से 11वीं में प्रवेश के समय अनेक विद्यार्थी स्कूल बदलते हैं। अगली कक्षा में प्रवेश के लिए संस्था प्रमुखों द्वारा निकटस्थ विद्यालयों के लिए कक्षा 6वीं, 9वीं और 11वीं में प्रवेशकी कार्यवाही करेंगे। संस्था प्रमुख सभी छात्रों एवं उनके अभिभावकों से संवाद करेंगे। छात्र किस विद्यालय में प्रवेश लेना चाहते हैं यह जानकारी जुटाएंगे। कक्षा 10वीं की बोर्ड परीक्षा के बाद कक्षा 11वीं में प्रावधिक प्रवेश की प्रक्रिया पूर्ण कर हाई स्कूल प्राचार्य हायर सेकेण्डरी को भेजेंगे।