रीवा के पंजीयन विभाग ने बनाया रिकार्ड, बंद रहा पहले दिन काम, अब पुराना साफ्टवेयर होगा बंद, नए में होगी रजिस्ट्री
रीवा के पंजीयन विभाग ने कमाई का नया रिकार्ड बना दिया है। दिए गए तय लक्ष्य से चार करोड़ ज्यादा राजस्व जुटाया है। मार्च महीने में ताबड़तोड़ हुई रजिस्ट्री ने सरकार की कमाई को 233 करोड़ तक पहुंचा दिया। इतना ही नहीं अब नए वित्तीय वर्ष में जमीनों की रजिस्ट्री में और सुरक्षा बरती जाएगी। फर्जीवाड़ा रुकेगा। नए साफ्टवेयर में काम होगा, पुराना साफ्टवेयर बंद करने का आदेश पहुंच गया है। पहले दिन साफ्टवेयर और सर्वर अपडेट का काम चलता रहा इसके कारण एक भी जमीन की रजिस्ट्री नहीं हुई।

अब संपदा 1 हुआ पुराना, संपदा 2 में होगी जमीनों की रजिस्ट्रिंया
229 करोड़ का मिला था रीवा को टारगेट, 233 करोड़ पहुंचा राजस्व
रीवा। पंजीयन विभाग में अब संपदा 1 साफ्टवेयर काम नहीं करेगा। नए वित्तीय वर्ष में संपदा 2 से ही जमीनों की रजिस्ट्रियां होंगी। पुराने साफ्टवेयर को पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। नए वित्तीय वर्ष के पहले दिन हालांकि एक भी रजिस्ट्री नहीं हुई। साफ्टवेयर अपडेशन के कारण कामकाज ठप रहा। अब जब काम शुरू होगा तो नए संपदा 2 में ही होगा।
ज्ञात हो कि पंजीयन विभाग में जमीनों की रजिस्ट्री के लिए नए साफ्टवेयर को पहले कुछ जिलों में पायलट प्रोजेक्ट के तहत लागू किया गया। प्रोजेक्ट सफल रहा। इसके बाद संपदा 2 को पूरे प्रदेश में लागू कर दिया गया। इसके बाद भी संपदा वन में ही काम चल रहा था। अब इस पर नए वित्तीय वर्ष में पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। नए वित्तीय वर्ष में अब कोई भी पंजीयन पुराने साफ्टवेयर में नहीं होगा। संपदा 2 में ही काम होंगे। पहले दिन पंजीयन विभाग में काम काज पूरी तरह से ठप रहा। इसके पीछे वजह सर्वर अपडेशन रहा। सर्वर को अपडेट किया जा रहा है। इसके कारण ही 1 अप्रैल को पंजीयन विभाग में एक भी रजिस्ट्री नहीं हुई। अब सर्वर अपडेट होने के बाद जब काम शुरू होगा तो पंजीयन भी नए संपदा 2 में ही होगा। वेंडरों को भी इसके लिए जानकारी दे दी गई है। संपदा 1 के लिए वेंडरों का भी क्रेडिट लिमिट नहीं बढ़ाया जाएगा।
जमीनों का फर्जीवाड़ा रुकेगा, आधार बेस्ड होगा पूरा काम
संपदा 2 के लागू होने से जमीनों के फर्जीवाड़ा पर पूरी तरह से रोक लग जाएगी। इसके लागू होने से किसी की जमीन कोई दूसरा नहीं बेच पाएगा। यह पूरी तरह से आधार बेस्ड होगा। बायोमैट्रिक से ही उनकी रजिस्ट्री होगी। वेंडरों को यह सारा काम करना होगा। इसके बाद सारी प्रक्रिया पहले की ही तरह पंजीयन कार्यालय में ही होगी। संपदा 2 में और भी कई बदलाव किए गए हैं। अब तक इसमें जमीन की फोटो खींचकर अपलोड कर दी जाती थी लेकिन इसमें ऐसा नहीं होगा। रजिस्ट्री के बाद दिए गए नंबर पर एक लिंक जारी होगा। लिंक पर क्लिक करने पर एक एप ओपन होगा। मौके पर जाकर खरीददार और विक्रेता को जमीन की फोटो अपलोड करनी होगी। यह फोटो ग्राहक को दिए गए एक कोड के जरिए सीधे आनलाइन फीड हो जाएगी। इसके अलावा जमीनों का नामांतरण भी आनलाइन रजिस्ट्री के साथ ही हो जाएगा। इसमें टाइम बाउंडेशन दिया गया है।
रीवा ने तोड़ा रिकार्ड, 233 करोड़ पहुंचाया राजस्व
पंजीयन विभाग को वित्तीय वर्ष 2024-25 में 229 करोड़ के राजस्व का लक्ष्य दिया गया था। रीवा ने इस लक्ष्य को पार कर दिया। वित्तीय वर्ष में रीवा पंजीयन विभाग ने चार करोड़ अधिक राजस्व प्राप्त किया है। कुल 233 करोड़ का राजस्व जुटाया गया है। अंतिम समय में रिकार्ड तोड़ जमीनों की खरीदी बिक्री हुई। इससे शासन को करोड़ों रुपए के राजस्व की प्राप्ति हुई। मार्च महीने में राजस्व बढ़ाने के लिए अवकाश के दिनों में भी पंजीयन कार्यालय को खोलने के आदेश दिए गए थे। इसका फायदा विभाग को मिला है।